ED के सामने शेफाली बग्गा का कबूलनामा?: पापा संभालते थे सट्टा ऐप का काम’, 30 लाख कैश और दुबई कनेक्शन की जांच

रायपुर, 18 जुलाई 2026। महादेव ऑनलाइन बेटिंग सिंडिकेट से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने टीवी होस्ट, स्पोर्ट्स प्रेजेंटर और बिग बॉस-13 की पूर्व कंटेस्टेंट शेफाली बग्गा से लगातार दूसरे दिन भी लंबी पूछताछ की। जांच एजेंसी ने उनसे अवैध बेटिंग ऐप्स के प्रमोशन, घर से बरामद 30 लाख रुपए नकद, विदेश यात्राओं और महादेव सिंडिकेट से कथित संबंधों को लेकर कई घंटे तक सवाल किए।
ED के मुताबिक, 30 मई को दिल्ली स्थित शेफाली बग्गा के घर पर हुई छापेमारी में 30 लाख रुपए नकद जब्त किए गए थे। एजेंसी का आरोप है कि यह रकम अवैध बेटिंग ऐप्स के प्रमोशन से अर्जित की गई थी।
‘पापा संभालते थे प्रमोशन की डील्स’
सूत्रों के अनुसार पूछताछ के दौरान शेफाली बग्गा ने बताया कि बेटिंग ऐप्स के प्रमोशन से जुड़ी डील्स, कैश भुगतान और एंडोर्समेंट की बातचीत उनके पिता विपिन बग्गा देखते थे। ED का दावा है कि शेफाली ने यह भी स्वीकार किया कि सोशल मीडिया पर बेटिंग ऐप्स का प्रचार किया गया, जबकि उन्हें इसकी गैरकानूनी प्रकृति की जानकारी थी।
58 लाख फॉलोअर्स से टेलीग्राम पर भेजे जाते थे यूजर्स
जांच एजेंसी के मुताबिक, शेफाली के 58 लाख फॉलोअर्स वाले इंस्टाग्राम अकाउंट से लोगों को एक टेलीग्राम चैनल पर भेजा जाता था, जहां कथित तौर पर बेटिंग टिप्स, कैश-आउट और बेटिंग ऐप्स से जुड़ी जानकारी साझा की जाती थी। ED का आरोप है कि प्रचार में यह दावा भी किया जाता था कि “सरकारी एजेंसियां और आयकर विभाग कुछ नहीं कर पाएंगे”, जिससे लोगों को बेटिंग ऐप्स से जोड़ने की कोशिश की जाती थी।
पिता और भाई को भी भेजा गया समन
ED ने इस मामले में शेफाली बग्गा के पिता विपिन बग्गा और भाई शिवांश बग्गा को भी समन जारी किया है। अधिकारियों के अनुसार, दोनों अब तक जांच एजेंसी के सामने पेश नहीं हुए हैं। वहीं शेफाली पहले तीन समन पर उपस्थित नहीं हुई थीं, लेकिन पिछले दो दिनों से पूछताछ में शामिल हुईं।
दुबई-लंदन कनेक्शन भी जांच के दायरे में
जांच एजेंसी शेफाली बग्गा की दुबई और लंदन यात्राओं, महादेव सिंडिकेट से जुड़े कथित हवाला ऑपरेटरों से संपर्क और लग्जरी होटल खर्चों की भी जांच कर रही है। साथ ही यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि बेटिंग ऐप्स के प्रमोशन के बदले मिलने वाली रकम हवाला नेटवर्क के जरिए तो नहीं पहुंचाई गई।
ED का आरोप
ED का कहना है कि महादेव बेटिंग नेटवर्क में सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर्स और सेलिब्रिटीज के जरिए नए यूजर्स जोड़े जाते थे। इसके बाद बेटिंग से होने वाली कमाई को हवाला चैनलों, शेल कंपनियों और कई वित्तीय लेन-देन के जरिए छिपाया जाता था। फिलहाल मामले की जांच जारी है और एजेंसी आगे भी संबंधित लोगों से पूछताछ कर सकती है।
